राज्य ब्यूरो, नई दिल्ली:
दिल्ली की राजनीति एक बार फिर गरमा गई है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष विजेंद्र गुप्ता और भाजपा विधायकों ने दिल्ली विधानसभा का विशेष सत्र बुलाने की मांग की है। उनका कहना है कि पिछले 5 महीनों से न कैबिनेट की बैठक हुई है और न ही विधानसभा का सत्र बुलाया गया, इसलिए अब जरूरी है कि सरकार इन सवालों के जवाब दे।
जेल से सरकार चलाने पर BJP का सवाल
प्रेस वार्ता में विजेंद्र गुप्ता ने सीधा सवाल किया —
“मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पिछले पांच महीनों से जेल में हैं, तो उन्होंने जेल से सरकार चलाने की घोषणा तो कर दी, लेकिन आखिर कितने फैसले लिए?”
भाजपा का आरोप है कि
- कैबिनेट की कितनी बैठकें हुईं?
- उनमें कौन-कौन से फैसले लिए गए?
सरकार को इसका पूरा ब्यौरा जनता और सदन के सामने रखना चाहिए।
नगर निगम की हालत पर भी निशाना
भाजपा ने दिल्ली नगर निगम की बदहाल वित्तीय स्थिति पर भी सरकार को घेरा।
गुप्ता ने कहा—
- मुख्यमंत्री राष्ट्रीय राजधानी सिविल सेवा प्राधिकरण के अध्यक्ष हैं, लेकिन इसकी बैठक तक नहीं बुलाई गई।
- छठे दिल्ली वित्त आयोग का गठन न करना संविधान का उल्लंघन है।
- नगर निगम में स्थायी समिति नहीं बन पाई।
- 7 साल से CAG की 11 रिपोर्ट लंबित पड़ी हैं।
भाजपा का आरोप है कि सरकार की वजह से MCD की वित्तीय हालत दिन-ब-दिन बिगड़ती जा रही है।
जल बोर्ड पर 73 हजार करोड़ का विवाद
गुप्ता ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा—
- मुख्य सचिव ने मार्च 2024 में जल मंत्री को वित्तीय अनियमितताओं की रिपोर्ट दी थी, जिसे सदन में पेश नहीं किया गया।
- दिल्ली जल बोर्ड ने सरकार को 73,000 करोड़ रुपये का लोन लौटाने से साफ इनकार कर दिया है।
सरकार को इस पर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए।
आयुष्मान भारत लागू क्यों नहीं?
भाजपा ने पूछा कि दिल्ली सरकार—
- केंद्र की आयुष्मान भारत स्वास्थ्य योजना लागू क्यों नहीं कर रही?
- दिल्ली सरकार द्वारा वित्त पोषित 12 कॉलेजों को फंड रोकने का कारण क्या है?
यूनीवर्सिटी और अस्पतालों पर भी उठे सवाल
भाजपा ने दिल्ली की कई यूनिवर्सिटीज और स्वास्थ्य प्रोजेक्ट्स पर भी सरकार से जवाब मांगा—
- दिल्ली स्किल एंड एंटरप्रेन्योरशिप यूनिवर्सिटी
- टीचर यूनिवर्सिटी
- स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी
इन सभी पर श्वेत पत्र जारी करने की मांग की गई।
इसके अलावा—
- 7 ICU अस्पताल और पॉलिक्लिनिक परियोजनाओं में देरी
- लागत बढ़ने का कारण
- झुग्गियों में नलों से पानी उपलब्ध कराने की स्थिति
- “जहां झुग्गी, वहीं मकान” योजना की प्रगति
इन सब पर सरकार से जवाब मांगा गया।
